ऋषिकेश: ऋषिकेश-बदरीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग पर ब्यासी के पास मालाकुंठी में सोमवार सुबह एक दर्दनाक सड़क हादसा हो गया। कार और डंपर की आमने-सामने हुई भीषण टक्कर में कार सवार भाई-बहन की मौत हो गई, जबकि दो युवतियां गंभीर रूप से घायल हो गईं। दोनों घायलों को उपचार के लिए एम्स ऋषिकेश में भर्ती कराया गया है। डॉक्टरों के मुताबिक उनकी हालत फिलहाल खतरे से बाहर बताई जा रही है।
टक्कर इतनी जोरदार थी कि कार का अगला हिस्सा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। हादसे के बाद कार में फंसे लोगों को बाहर निकालने के लिए एसडीआरएफ की टीम को रेस्क्यू ऑपरेशन चलाना पड़ा। जवानों ने कटर की मदद से कार को काटकर अंदर फंसे लोगों को बाहर निकाला।
टक्कर के बाद खुले एयरबैग, फिर भी नहीं बच सकी जान
हादसे के बाद कार की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी सवाल उठने लगे हैं। प्रत्यक्ष जानकारी के अनुसार, टक्कर के दौरान कार के एयरबैग खुले, लेकिन उनके खुलने के बाद वे क्षतिग्रस्त अवस्था में पाए गए। कार की अगली सीट पर बैठे भाई-बहन इस भीषण दुर्घटना में जान गंवा बैठे।
एयरबैग को वाहनों की महत्वपूर्ण सुरक्षा प्रणाली माना जाता है। दुर्घटना के दौरान इसका उद्देश्य चालक और यात्रियों को गंभीर चोट से बचाना होता है। हालांकि विशेषज्ञों का कहना है कि केवल एयरबैग के खुलने या फटने के आधार पर उसकी सुरक्षा क्षमता पर निष्कर्ष निकालना उचित नहीं होगा।
तकनीकी जांच से सामने आएगी असली वजह
विशेषज्ञों के मुताबिक दुर्घटना के बाद यह जांचना जरूरी है कि एयरबैग टक्कर के समय सही तरीके से सक्रिय हुए थे या तेज गति से खुलने के बाद किसी अन्य हिस्से के संपर्क में आने से क्षतिग्रस्त हुए। एयरबैग का खुलने के दौरान फटना और दुर्घटना के प्रभाव से बाद में क्षतिग्रस्त होना दो अलग तकनीकी परिस्थितियां हो सकती हैं।
फिलहाल हादसे की वास्तविक वजह और कार की सुरक्षा प्रणाली ने किस तरह काम किया, यह तकनीकी जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा। इस हादसे ने एक बार फिर पहाड़ी सड़कों पर तेज रफ्तार, भारी वाहनों की आवाजाही और वाहन सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
