उत्तरकाशी : मानसून सीजन और आगामी कांवड़ यात्रा-2026 को सुरक्षित एवं व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के उद्देश्य से उत्तरकाशी पुलिस पूरी तरह सतर्क हो गई है। पुलिस अधीक्षक कमलेश उपाध्याय ने मंगलवार को पुलिस, फायर एवं एसडीआरएफ अधिकारियों की बैठक लेकर आपदा प्रबंधन, सुरक्षा व्यवस्था और राहत कार्यों को लेकर विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए।
बैठक में एसपी ने कहा कि मानसून के दौरान जनसुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता रहेगी। सभी अधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में भूस्खलन, बाढ़, भारी वर्षा और सड़क अवरोध जैसे संभावित जोखिम वाले स्थानों की पहचान कर समय रहते सुरक्षा और आपदा प्रबंधन की तैयारियां पूरी करने के निर्देश दिए गए। किसी भी प्राकृतिक आपदा की स्थिति में त्वरित, समन्वित और प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया गया।
कांवड़ यात्रा को लेकर यात्रा मार्गों पर पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती, प्रभावी यातायात प्रबंधन, भीड़ नियंत्रण और संवेदनशील स्थलों पर विशेष निगरानी रखने के निर्देश दिए गए। श्रद्धालुओं के साथ विनम्र व्यवहार, त्वरित पुलिस सहायता और सुगम यातायात व्यवस्था सुनिश्चित करने पर भी बल दिया गया। साथ ही ओवरस्पीड, ड्रिंक एंड ड्राइव और अन्य यातायात नियमों के उल्लंघन पर सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए गए।
बैठक में दो जुलाई को आयोजित मॉक ड्रिल की समीक्षा करते हुए सामने आई कमियों को दूर करने और आपदा की स्थिति में बेहतर समन्वय एवं संसाधनों के प्रभावी उपयोग पर चर्चा की गई। सभी थाना प्रभारियों को बाढ़ और भूस्खलन संभावित क्षेत्रों की नियमित निगरानी, स्थानीय प्रशासन एवं जनप्रतिनिधियों के साथ समन्वय बनाए रखने तथा राहत एवं बचाव उपकरणों को हर समय क्रियाशील रखने के निर्देश दिए गए।
एसपी कमलेश उपाध्याय ने कहा कि पुलिस कंट्रोल रूम, डायल-112, फायर एवं एसडीआरएफ की टीमें 24×7 अलर्ट मोड में रहेंगी। उन्होंने कहा कि मानसून के दौरान सतर्कता, समन्वय और त्वरित कार्रवाई ही जनसुरक्षा की सबसे बड़ी कुंजी है।
