प्रियंका गांधी का हमला, ‘इतिहास पढ़ाया, लेकिन हमला कैसे हुआ यह नहीं बताया.
नई दिल्ली: लोकसभा में पहलगाम हमले को लेकर गहमागहमी के बीच कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा ने केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने सरकार की जवाबदेही पर सवाल उठाते हुए कहा कि रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने हमले को लेकर एक घंटे तक भाषण दिया, लेकिन हमले के कारणों और सुरक्षा में चूक पर एक शब्द नहीं कहा।
प्रियंका गांधी ने कहा, “रक्षा मंत्री ने आतंकवाद और सुरक्षा पर लंबा भाषण दिया, इतिहास का पाठ पढ़ाया, लेकिन यह नहीं बताया कि हमला कैसे हुआ। बैसरन घाटी जैसे संवेदनशील क्षेत्र में उस दिन एक भी सुरक्षाकर्मी क्यों नहीं था? क्या देश के नागरिकों की सुरक्षा प्रधानमंत्री, गृह मंत्री और रक्षा मंत्री की जिम्मेदारी नहीं है?”
उन्होंने गृह मंत्री अमित शाह के भाषण का भी जवाब दिया, जिसमें उन्होंने नेहरू, इंदिरा गांधी और सोनिया गांधी के कार्यकाल और निजी क्षणों का उल्लेख किया था। प्रियंका ने कहा, “गृह मंत्री ने मेरी मां के आंसुओं की बात की, लेकिन यह नहीं बताया कि युद्धविराम की घोषणा क्यों की गई। यह सरकार सवालों से बचती है और अपनी विफलताओं पर पर्दा डालने की कोशिश करती है।”
कांग्रेस सांसद ने सीधे तौर पर सरकार की नीयत और कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहा, “इस सरकार के पास जनता के लिए न तो संवेदना है और न ही जवाबदेही। इनके लिए सब कुछ प्रचार और राजनीति है। जब देश के नागरिकों की सुरक्षा की बात आती है, तो सरकार मौन हो जाती है।”
प्रियंका गांधी ने उस भीषण हमले की भयावहता को याद करते हुए कहा, “उस दिन पहलगाम की बैसरन घाटी में 26 निर्दोष नागरिकों को उनके परिजनों के सामने मार दिया गया। वहाँ मौजूद किसी भी व्यक्ति को सुरक्षा नहीं दी गई थी। आप चाहे जितने भी सैन्य ऑपरेशन चलाएं, लेकिन सच्चाई को छिपाया नहीं जा सकता।”
सदन में उनके तीखे सवालों से विपक्ष में जोरदार समर्थन मिला, जबकि सत्ता पक्ष ने बचाव में उतरने की कोशिश की। कांग्रेस ने केंद्र सरकार से मांग की है कि वह इस हमले की निष्पक्ष जांच कराए और जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई करे। विपक्ष का कहना है कि सरकार को अब जवाब देना होगा, क्योंकि देश जानना चाहता है – “आख़िर हमला कैसे हुआ?”
