अल्मोड़ा: अल्मोड़ा के हवालबाग विकासखंड के सभागार में सोमवार को वनाग्नि प्रबंधन एवं जनजागरूकता को लेकर वनाग्नि चौपाल कार्यशाला का आयोजन किया गया। इसमें विकासखंड और ग्राम स्तरीय वनाग्नि समितियों के सदस्यों ने भाग लिया।
कार्यशाला में वनाग्नि रोकथाम, जलवायु परिवर्तन और मानव-वन्यजीव संघर्ष जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई। मुख्य प्रशिक्षक एवं सहायक नोडल अधिकारी वनाग्नि अल्मोड़ा गजेंद्र पाठक ने कहा कि जंगलों की सुरक्षा वर्तमान समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है। उन्होंने वनाग्नि, वनों की कटाई, औद्योगिकीकरण और जीवाश्म ईंधन के बढ़ते उपयोग को पर्यावरणीय असंतुलन का प्रमुख कारण बताया।
ब्लॉक प्रमुख हिमानी कुंडू ने कार्यक्रम को जागरूकता बढ़ाने की दिशा में सराहनीय पहल बताया, जबकि बीडीओ एस.एस. दरियाल ने इसे प्रत्येक ग्राम सभा स्तर पर आयोजित करने की आवश्यकता पर जोर दिया। कार्यक्रम में विभिन्न विभागों के अधिकारी, कर्मचारी, जनप्रतिनिधि और छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।
