कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और राहुल गांधी ने किया उत्तराखंड विधानसभा चुनाव 2027 को लेकर मंथन
देहरादून/दिल्ली: उत्तराखंड कांग्रेस में संगठनात्मक हलचल के बीच सोमवार को नई दिल्ली में पार्टी के शीर्ष नेतृत्व ने प्रदेश के वरिष्ठ नेताओं के साथ महत्वपूर्ण बैठक की। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, पूर्व कांग्रेस अध्यक्ष और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी तथा संगठन महासचिव केसी वेणुगोपाल की मौजूदगी में हुई इस बैठक को आगामी राजनीतिक समीकरणों के लिहाज से बेहद अहम माना जा रहा है।
बैठक में प्रदेश प्रभारी कुमारी शैलजा, दोनों सह प्रभारी, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गणेश गोदियाल, पूर्व प्रदेश अध्यक्ष और सीडब्ल्यूसी के आमंत्रित सदस्य करन माहरा, चुनाव संचालन समिति के चेयरमैन प्रीतम सिंह और चुनाव मैनेजमेंट कमेटी के अध्यक्ष हरक सिंह रावत शामिल हुए। पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत अस्वस्थ होने के चलते बैठक में उपस्थित नहीं हो सके।
आज दिल्ली में कांग्रेस अध्यक्ष श्री मल्लिकार्जुन खरगे जी, नेता विपक्ष श्री @RahulGandhi जी एवं संगठन महासचिव श्री @kcvenugopalmp जी से मुलाकात कर संगठनात्मक विषयों एवं राज्य के विभिन्न मुद्दों पर विस्तार से विचार-विमर्श किया।
📍 10 राजाजी मार्ग, दिल्ली pic.twitter.com/Ekp0LOfK1L
— Ganesh Godiyal (@UKGaneshGodiyal) December 1, 2025
सूत्रों के अनुसार, बैठक का मुख्य फोकस उत्तराखंड की वर्तमान राजनीतिक स्थिति को समझना और आगामी 2027 के विधानसभा चुनावों के लिए शुरुआती रणनीति तय करना था। पार्टी हाईकमान ने नेताओं से संगठन की जमीनी स्थिति, कार्यकर्ताओं की सक्रियता, स्थानीय मुद्दों और चुनावी चुनौतियों को लेकर विस्तृत फीडबैक लिया। बैठक में यह भी स्पष्ट किया गया कि कांग्रेस आने वाले चुनावों में किसी भी स्तर पर कोताही नहीं बरतना चाहती है और संगठन को अभी से चुनाव मोड में सक्रिय कर दिया गया है।
इसके साथ ही 14 दिसंबर को दिल्ली में प्रस्तावित ‘वोट चोर–गद्दी छोड़’ रैली की तैयारियों की समीक्षा भी की गई। हाईकमान ने उत्तराखंड कांग्रेस को रैली में अधिकतम भागीदारी सुनिश्चित करने और जनसंपर्क को तेज करने के निर्देश दिए। सूत्र बताते हैं कि इस रैली को केंद्र सरकार पर सीधे राजनीतिक हमला करने के बड़े मंच के रूप में देखा जा रहा है।
बैठक में संगठनात्मक समन्वय, प्रदेश टीम की कार्यशैली, मीडिया प्रबंधन और आगामी महीनों में चलाए जाने वाले अभियान पर भी चर्चा हुई। हाईकमान ने प्रदेश नेतृत्व को साफ संकेत दिया कि पार्टी की नई टीम के गठन के बाद अब किसी तरह की गुटबाजी या असमन्वय बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल राज्य में लगातार बैठकों के जरिए कार्यकर्ताओं को सक्रिय कर रहे हैं, वहीं पार्टी ने प्रवक्ता और पैनलिस्ट चयन के लिए टैलेंट हंट कार्यक्रम भी शुरू कर दिया है।
