न्यूज डेस्क| बाबा रामदेव (Baba ramdev) की कोविड के लिए पतंजलि (Patanjali) द्वारा बनाई गई Coronil दवा पर फिर से संदेह के बादल घिरने लगे हैं. शुक्रवार को रिसर्च पेपर के साथ कोरोनिल लॉन्च करते हुए बाबा रामदेव ने कहा था कि इस दवा को भारत सरकार के साथ ही WHO ने भी मंजूरी दी है. WHO ने इस दावे को नकारा है. हालांकि विश्व स्वास्ठ्य संगठन ( World Health Organisation) ने कोरोनिल का नाम नहीं लिया लेकिन एक ट्वीट कर बताया कि हमने किसी भी पारंपरिक दवा को मंजूरी नहीं दी है.
.@WHO has not reviewed or certified the effectiveness of any traditional medicine for the treatment #COVID19.
— World Health Organization South-East Asia (@WHOSEARO) February 19, 2021
बाबा रामदेव ने शुक्रवार को ANI से कहा था कि ‘साइंटिफिक रिसर्च पूरी होने के बाद सरकार ने अंतरराष्ट्रीय मापदंडों पर तैयार इस दवाई को हरी झंडी दी है. देश और पूरी दुनिया इस पर सहमत है, WHO भी राजी है, और कोरोनिल को 150 देशों में वैज्ञानिक साक्ष्यों के साथ बेचने जा रहे हैं.’
पहले भी कोरोनिल को लेकर सवाल उठते रहे हैं. इससे पहले जब कोरोना महामारी के दौरान कोरोनिल को जून 2020 में बाजार में लाया गया था उस समय भी सवालों में घिरने के बाद कोरोनिल को इम्यूनिटी बूस्टर के तौर पर बेचा गया. शुक्रवार को कोरनिल के लॉन्च इवेंच में केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी (Nitin Gadakari) और हर्ष वर्धन (Harsh Vardhan) भी मौजूद थे.
http://udayprabhat.co.in/covid-highlights-baba-ramdev-release-evidence-based-research-paper-on-coronil-kit-made-by-patanjali-yogpith/
