अल्मोड़ा: हवालबाग क्षेत्र पंचायत की बैठक गुरुवार को ब्लॉक प्रमुख हिमानी कुंडू की अध्यक्षता में आयोजित हुई, जिसमें बिजली, पानी, सड़क और ग्रामीण विकास से जुड़े मुद्दों पर विस्तार से चर्चा हुई। पिछली बैठकों में उठाई गई समस्याओं का समाधान न होने पर जनप्रतिनिधियों ने नाराजगी जताई और विभागीय अधिकारियों को घेरा।
बैठक की शुरुआत में परियोजना निदेशक केएन तिवारी ने ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम की जानकारी दी और ग्राम पंचायतों की भूमिका, कूड़े के पृथकीकरण व निस्तारण की प्रक्रिया पर प्रकाश डाला। साथ ही निर्वाचन आयोग की एसआईआर प्रक्रिया के तहत बीएलओ को सहयोग की अपील की गई।
बैठक में पेयजल संकट प्रमुख मुद्दा रहा। तलाड़बाड़ी, देवलीखान और भनरगांव के प्रधानों ने जलापूर्ति की गंभीर समस्या उठाई। देवलीखान की प्रधान ने सुधार न होने पर इस्तीफे की चेतावनी दी। जल जीवन मिशन के तहत योजनाओं के क्रियान्वयन पर भी सवाल उठे।
कृषि विभाग की ऑनलाइन टूलकिट वितरण व्यवस्था, खाद्य आपूर्ति विभाग में राशन कार्ड से नाम हटाए जाने और नई यूनिट न जोड़ने के मामलों पर भी नाराजगी जताई गई।
विद्युत विभाग पर लापरवाही के आरोप लगे, विशेषकर ट्रांसफार्मर सुरक्षा और बिजली लाइनों को हटाने की मांग पर समाधान न मिलने से माहौल गरमा गया। सड़क निर्माण, मलबा निस्तारण और पाइपलाइन क्षति जैसे मुद्दे भी उठे।
पंचायतीराज विभाग द्वारा प्रधानों के फंड से कंटीजेंसी राशि काटे जाने पर भी विरोध हुआ, जबकि पूर्व में इसे रोकने का प्रस्ताव पारित किया गया था। बैठक में कई मुद्दों पर सहमति न बन पाने से माहौल तनावपूर्ण रहा और हंगामे जैसी स्थिति बनी रही।
