अखिल भारतीय पत्रकार सुरक्षा समिति ने कहा— रात्रिकालीन पुलिस कार्रवाई असंवैधानिक, निष्पक्ष जांच और पत्रकार सुरक्षा की उठाई मांग
हरिद्वार: वरिष्ठ पत्रकार हेम भट्ट को रात्रि के समय उनके निजी आवास से कथित रूप से अनैतिक एवं असंवैधानिक तरीके से पुलिस द्वारा हिरासत में लिए जाने के मामले ने पत्रकार जगत में गहरा आक्रोश पैदा कर दिया है। इस प्रकरण को लेकर अखिल भारतीय पत्रकार सुरक्षा समिति के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री उत्तराखंड सरकार के नाम ज्ञापन प्रेषित किया।
ज्ञापन जिलाधिकारी देहरादून के प्रतिनिधि के रूप में सिटी मजिस्ट्रेट प्रत्यूष सिंह को सौंपा गया। इस दौरान समिति के प्रदेश अध्यक्ष अनुपम खत्री ने नव नियुक्त जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान का पुष्पगुच्छ भेंट कर स्वागत किया तथा पूरे मामले की विस्तृत जानकारी दी। जिलाधिकारी ने मामले को गंभीरता से लेते हुए संवेदनशीलता के साथ जांच कराने का आश्वासन दिया।
प्रतिनिधिमंडल ने पूरे प्रकरण की निष्पक्ष एवं उच्चस्तरीय जांच कराने, पत्रकारों की सुरक्षा सुनिश्चित करने तथा भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी करने की मांग की। ज्ञापन में कहा गया कि यदि किसी पत्रकार से पूछताछ अपेक्षित थी तो संवैधानिक एवं वैधानिक प्रक्रियाओं का पालन किया जाना चाहिए था।
समिति के पदाधिकारियों ने आरोप लगाया कि रात्रिकालीन पुलिस कार्रवाई से पत्रकार समुदाय, उनके परिवारों और समाज में भय एवं असुरक्षा का माहौल बना है, जो लोकतांत्रिक मूल्यों के लिए गंभीर चिंता का विषय है।
प्रतिनिधिमंडल में संगठन महासचिव राजकमल, वरिष्ठ पत्रकार शिव प्रसाद सती, पुनीत चौधरी, उत्तराखंड क्रांति सेना के अध्यक्ष ललित श्रीवास्तव सहित शौर्य, कृष्णा, निशांत और हरिद्वार से पहुंचे दर्जनों पत्रकार एवं संगठन के सदस्य मौजूद रहे।
पत्रकार सुरक्षा समिति ने मांग की कि पूरे मामले की जांच किसी पूर्व न्यायाधीश अथवा पूर्व मुख्य सचिव की अध्यक्षता में गठित स्वतंत्र समिति से कराई जाए, ताकि निष्पक्षता और जनविश्वास सुनिश्चित हो सके।
