संयुक्त संघर्षशील ट्रेड यूनियन मोर्चा ने कार्रवाई को बताया मजदूर आंदोलन के दमन का प्रयास
हरिद्वार: सिडकुल औद्योगिक क्षेत्र के मजदूर नेताओं पर दर्ज कथित फर्जी मुकदमों को वापस लेने तथा मजदूर नेता पंकज कुमार और जय प्रकाश पर लगाए गए गुंडा एक्ट के विरोध में संयुक्त संघर्षशील ट्रेड यूनियन मोर्चा हरिद्वार, विभिन्न सामाजिक संगठनों एवं न्यायप्रिय नागरिकों ने रोशनाबाद कलेक्ट्रेट परिसर में प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के बाद विभिन्न ट्रेड यूनियनों के प्रतिनिधियों ने जिलाधिकारी हरिद्वार को ज्ञापन सौंपकर कार्रवाई वापस लेने की मांग की।
संयुक्त संघर्षशील ट्रेड यूनियन मोर्चा के संयोजक एवं फूड्स श्रमिक संगठन आईटीसी के महामंत्री गोविंद सिंह ने कहा कि प्रशासन ने पूंजीपतियों के दबाव में आकर मजदूर नेताओं और मजदूर समिति के प्रतिनिधियों पर पहले फर्जी मुकदमे दर्ज किए और अब पंकज कुमार तथा जय प्रकाश को गुंडा एक्ट का नोटिस जारी कर अपनी पक्षधरता उजागर की है।
उन्होंने आरोप लगाया कि मजदूर आंदोलन का दमन करने और श्रमिकों की आवाज दबाने के उद्देश्य से यह कार्रवाई की जा रही है, जो गैरकानूनी और असंवैधानिक है। उन्होंने कहा कि मजदूरों की जायज मांगों को स्वीकार करने के बजाय सरकार और प्रशासन दमनात्मक रवैया अपना रहे हैं।
प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि यदि मजदूर नेताओं पर दर्ज मुकदमे वापस नहीं लिए गए और गुंडा एक्ट की कार्रवाई निरस्त नहीं की गई, तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा।
संयुक्त संघर्षशील ट्रेड यूनियन मोर्चा के घटक संगठनों ने शासन-प्रशासन की इस कार्रवाई की कड़ी निंदा करते हुए इसे लोकतांत्रिक अधिकारों पर हमला बताया।
