चमोली: चमोली में लगातार हो रही भारी बारिश ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। जिले के कई इलाकों में भूस्खलन और जलभराव की घटनाएं सामने आ रही हैं। आमसौड़ के पास हुए भारी भूस्खलन से सिमली-ग्वालदम राष्ट्रीय राजमार्ग पूरी तरह बंद हो गया, जिससे दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और यात्रियों को घंटों तक परेशानी का सामना करना पड़ा।
वहीं हेलंग क्षेत्र में भी पहाड़ी से भारी मात्रा में मलबा और पत्थर आने के कारण बदरीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग कुछ समय के लिए बाधित रहा। सूचना मिलते ही सीमा सड़क संगठन (BRO) की टीम जेसीबी और पोकलेन मशीनों के साथ मौके पर पहुंची और युद्धस्तर पर मलबा हटाने का अभियान शुरू किया। कड़ी मशक्कत के बाद हेलंग में मार्ग को यातायात के लिए सुचारु कर दिया गया, जबकि आमसौड़ में सड़क खोलने का कार्य जारी है।
आमसौड़ के समीप भारी मात्रा में मलबा और बोल्डर आने से सिमली-ग्वालदम राष्ट्रीय राजमार्ग फिलहाल बंद है. मलबा हटाने के लिए जेसीबी और पोकलेन मशीनें लगातार कार्य कर रही हैं. मलबे की मात्रा अधिक होने के कारण मार्ग को सुचारु करने में कुछ घंटे का समय लग सकते हैं. मलबा पूरी तरह हटने के बाद ही यातायात सुरक्षित रूप से शुरू कराया जाएगा.
-रमेश कुमार, बीआरओ कनिष्ठ अभियंता-
लगातार हो रही बारिश के कारण जिले की कई ग्रामीण सड़कें भी क्षतिग्रस्त हो गई हैं, जिससे दूरस्थ गांवों का संपर्क प्रभावित हुआ है। वहीं पिंडर और प्राणमती नदियों का जलस्तर बढ़ने से नदी किनारे रहने वाले लोगों की चिंता भी बढ़ गई है।
जिला प्रशासन ने लोगों से खराब मौसम के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचने, नदी-नालों से दूर रहने और प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करने की अपील की है। मौसम विभाग की चेतावनी को देखते हुए प्रशासन लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है, जबकि विभिन्न स्थानों पर सड़कें खोलने और राहत कार्य जारी हैं।
