12वीं अनुसूची में शामिल कार्य निकायों को सौंपने की सिफारिश.
देहरादून : मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को सचिवालय में सेतु आयोग द्वारा नगर निकायों के सशक्तिकरण पर आधारित एक विश्लेषणात्मक रिपोर्ट सौंपी गई। सेतु आयोग के उपाध्यक्ष शेखर जोशी ने यह रिपोर्ट सौंपते हुए बताया कि यह दस्तावेज नगर निगमों और निकायों को आत्मनिर्भर एवं सशक्त बनाने की दिशा में अहम सुझाव प्रदान करता है।
रिपोर्ट में नगर निकायों को वित्तीय स्वायत्तता देने, उनकी राजस्व संग्रहण क्षमता बढ़ाने, और भारतीय संविधान की 12वीं अनुसूची में वर्णित 18 कार्यों—जैसे जल आपूर्ति, शहरी नियोजन, सार्वजनिक स्वास्थ्य आदि—को पूर्ण रूप से निकायों को हस्तांतरित करने की अनुशंसा की गई है।
तकनीकी नवाचार को बढ़ावा देने के लिए रिपोर्ट में स्मार्ट गवर्नेंस, जीआईएस मैपिंग, और डेटा-आधारित नीति निर्धारण की आवश्यकता पर बल दिया गया है। साथ ही, कर्मचारियों और निर्वाचित प्रतिनिधियों के लिए नियमित प्रशिक्षण कार्यक्रम चलाने का सुझाव भी दिया गया है।
रिपोर्ट में महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश और उड़ीसा जैसे राज्यों में हुए सुधारों के उदाहरण प्रस्तुत किए गए हैं, ताकि उत्तराखंड की आवश्यकताओं के अनुसार सफल मॉडल अपनाए जा सकें। साथ ही आपदा प्रबंधन, विशेषकर भूस्खलन और अन्य आपदाओं से निपटने के लिए स्थानीय जनता की राय को प्राथमिकता देने की सिफारिश भी की गई है।
