हल्द्वानी: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शहरवासियों को बड़ी सौगात देते हुए 792 करोड़ रुपये की लागत से प्रस्तावित रिंग रोड परियोजना की घोषणा की। उन्होंने कहा कि रिंग रोड बनने से हल्द्वानी की ट्रैफिक समस्या में काफी राहत मिलेगी और शहर के चारों ओर बेहतर आवागमन व्यवस्था विकसित होगी। सहकारिता मेले में पहुंचे सीएम ने क्षेत्र के विकास को लेकर कई घोषणाएं कीं और कहा कि सरकार तेज गति से काम कर रही है।
मुख्यमंत्री धामी ने बताया कि खेल विश्वविद्यालय की जमीन से जुड़ी अड़चनें जल्द दूर कर ली जाएंगी। राज्य कैंसर संस्थान का निर्माण तेजी से आगे बढ़ रहा है और पंतनगर में अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा परियोजना की दिशा में भी जल्द ठोस कदम उठाए जाएंगे। उन्होंने कहा कि रेलवे और बस सेवाओं में विस्तार के साथ सरकार राज्य को बेहतर कनेक्टिविटी देने के लिए प्रतिबद्ध है।
सीएम ने बताया कि क्षेत्र में योग एवं आयुष अस्पताल, आंबेडकर पार्क, ओपन जिम, पोलिनेटर पार्क, एस्ट्रो पार्क और लीगेसी वेस्ट ट्रीटमेंट प्लांट जैसे प्रोजेक्ट नए विकास की दिशा में मील का पत्थर साबित होंगे। कार्यक्रम के दौरान स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं को दीनदयाल उपाध्याय सहकारिता कल्याण योजना के तहत 16.97 करोड़ रुपये और एनआरएलएम समूहों को 75.50 लाख रुपये का वित्तीय सहयोग वितरित किया गया।
उन्होंने कहा कि राज्य की 5,511 सहकारी समितियों में से 3,838 समितियों का डेटा राष्ट्रीय सहकारी डेटाबेस में अपलोड किया जा चुका है। वर्ष 2023 से अब तक 800 पैक्स समितियां, 248 डेयरी समितियां और 116 मत्स्य समितियों का गठन किया गया है। मिलेट मिशन के तहत मडुवा की खरीद दर बढ़ाकर 48.86 रुपये प्रति किलो किया गया है, जिससे किसानों को लाभ मिला है।
अवैध गतिविधियों के खिलाफ कार्रवाई का उल्लेख करते हुए सीएम ने कहा कि सरकार ने लैंड जिहाद, लव जिहाद जैसे मामलों में कड़ी कार्रवाई की है। अब तक 10 हजार एकड़ से अधिक सरकारी भूमि को अतिक्रमणमुक्त कराया गया है, जबकि 250 अवैध मदरसों को बंद किया गया है और मदरसा बोर्ड को समाप्त कर दिया गया है. कार्यक्रम में ‘पर्ची विवाद’ पर हल्के अंदाज में मुख्यमंत्री ने कहा कि पत्रकारों ने उस घटना को ज्यादा तूल दे दिया, जबकि उनका वह कदम आकस्मिक था।
इस मौके पर विधायक दीवान सिंह बिष्ट, राम सिंह कैड़ा व अन्य जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे।
नैनीताल में सीएम ने बताया कि अधूरे कार्यों की सूची तैयार करने के लिए मुख्य सचिव को निर्देश दिए गए हैं और इन्हें इस वित्त वर्ष में पूरा किया जाएगा। उन्होंने अधिकारियों के साथ बंद कमरे में बैठक कर हाई कोर्ट में लंबित मामलों और जनता की समस्याओं पर भी चर्चा की।
