मसूरी: पहाड़ों की रानी मसूरी में मानसून की पहली ही बारिश ने नगर पालिका और प्रशासन की तैयारियों की पोल खोल कर रख दी। तेज बारिश के कारण बार्लोगंज का मुख्य बाजार जलमग्न हो गया। जल निकासी की समुचित व्यवस्था न होने के चलते पानी दुकानों के अंदर घुस गया, जिससे व्यापारियों को भारी नुकसान उठाना पड़ा।
मुख्य मार्गों पर जलभराव की स्थिति ने आमजन की आवाजाही को भी कठिन बना दिया। वहीं, उत्तराखंड में मानसून ने 20 जून को आधिकारिक रूप से दस्तक दी थी, जिसके बाद लगातार हो रही बारिश से हालात और बिगड़ते नजर आ रहे हैं।
स्थानीय लोगों और व्यापारियों का कहना है कि हर वर्ष नगर पालिका नालियों की सफाई और जल निकासी व्यवस्था दुरुस्त करने के दावे करती है, लेकिन हकीकत इससे उलट होती है। बारिश शुरू होते ही चंद मिनटों में सड़कें तालाब बन जाती हैं और दुकानों में पानी घुसने लगता है। व्यवसायियों ने नाराजगी जताते हुए कहा कि पालिका सिर्फ कागजों पर तैयारियां करती है। इस बार भी वही हुआ—कोई ठोस इंतजाम जमीन पर नहीं दिखा।
स्थानीय लोगों ने प्रशासन से जल निकासी व्यवस्था को तत्काल सुधारने और सड़क किनारे अनाधिकृत रूप से मलबा फेंकने वाले ठेकेदारों पर कार्रवाई की मांग की है। मौसम विभाग ने आगामी दिनों में भारी बारिश की चेतावनी जारी की है, जिससे स्थिति और गंभीर हो सकती है।
