रुद्रपुर,: प्रदेश में कानून-व्यवस्था को और अधिक मजबूत बनाने एवं अपराध नियंत्रण को लेकर अपर पुलिस महानिदेशक (अपराध एवं कानून व्यवस्था) श्री वी. मुरुगेशन ने शुक्रवार को जनपद ऊधमसिंहनगर में एक उच्च स्तरीय अपराध समीक्षा बैठक की। बैठक में जिले के सभी राजपत्रित पुलिस अधिकारियों ने भाग लिया।
बैठक के दौरान एडीजी ने प्रदेश सरकार की ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति को दोहराते हुए कहा कि उत्तराखण्ड पुलिस अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्यवाही कर रही है। उन्होंने पुलिस अधिकारियों को निर्देशित किया कि विवेचनाएं निष्पक्ष, गुणवत्ता-युक्त एवं समयबद्ध हों ताकि पीड़ितों को शीघ्र न्याय और दोषियों को दंड मिल सके।
बैठक में दिए गए प्रमुख दिशा-निर्देश:
गंभीर अपराधों की त्वरित विवेचना: विवेचनाओं को साक्ष्य आधारित बनाते हुए तेजी से निस्तारित करने और पर्यवेक्षण सुनिश्चित करने के निर्देश।
वांछित व इनामी अपराधियों की धरपकड़: फरार अपराधियों को पकड़ने हेतु विशेष अभियान चलाने का आदेश।
गैंगस्टर एक्ट का सख्त क्रियान्वयन: लंबित मामलों का त्वरित निस्तारण और अपराधियों की अवैध संपत्तियों की कुर्की के निर्देश।
केस डायरी की नियमित समीक्षा: क्षेत्राधिकारी स्तर पर विवेचना की गुणवत्ता सुनिश्चित करने हेतु निरीक्षण अनिवार्य।
वारंटों और कुर्कियों की शत-प्रतिशत तामील: सभी लंबित विभागीय जांचों को तय समय में पूर्ण करने पर बल।
जन शिकायतों पर संवेदनशीलता: पुलिस की छवि सशक्त और भरोसेमंद बनाए रखने के लिए शीघ्र और प्रभावी कार्रवाई के निर्देश।
