लक्सर फायरिंग केस, चार दिन बाद कुख्यात अपराधी विनय त्यागी ने तोड़ा दम
ऋषिकेश/देहरादून: लक्सर फायरिंग मामले में गंभीर रूप से घायल कुख्यात अपराधी विनय त्यागी की एम्स ऋषिकेश में इलाज के दौरान मौत हो गई। विनय त्यागी पिछले चार दिनों से ट्रॉमा आईसीयू में वेंटिलेटर पर भर्ती था। एम्स प्रशासन ने उसकी मौत की पुष्टि कर दी है।
एम्स ऋषिकेश के जनसंपर्क अधिकारी डॉ. श्रीलाय मोहंती के अनुसार, विनय त्यागी को सीने, हाथ और गले में गोलियां लगी थीं। हालत नाजुक होने के चलते उसे 24 दिसंबर की रात एम्स में भर्ती कराया गया था, जहां शनिवार सुबह करीब सात बजे उसे मृत घोषित कर दिया गया। मौत की सूचना मिलते ही हरिद्वार पुलिस एम्स पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पंचनामा भरने की प्रक्रिया शुरू की। विनय त्यागी का पोस्टमॉर्टम भी एम्स ऋषिकेश में ही कराया जाएगा।
गौरतलब है कि 24 दिसंबर को हरिद्वार जिले के लक्सर क्षेत्र में उस समय सनसनी फैल गई थी, जब रुड़की जेल से लक्सर न्यायालय पेशी पर ले जाते वक्त फ्लाईओवर पर बाइक सवार दो बदमाशों ने पुलिस वाहन पर अंधाधुंध फायरिंग कर दी थी। इस हमले में मोस्ट वांटेड अपराधी विनय त्यागी गंभीर रूप से घायल हो गया था।
घटना के बाद हमलावर मौके से फरार हो गए थे, जिनके भागने के वीडियो भी सामने आए थे। इस वारदात ने जिले की कानून-व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए थे। हालांकि, पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए पूरे जिले में नाकाबंदी कर दी थी।
अगले ही दिन 25 दिसंबर को पुलिस ने खानपुर थाना क्षेत्र के सिकंदरपुर गांव के जंगल से दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों की पहचान सन्नी यादव उर्फ शेरा (28) और अजय (24) निवासी काशीपुर, उधम सिंह नगर के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार, दोनों आरोपी शातिर अपराधी हैं और उनके खिलाफ कई आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं।
हरिद्वार एसएसपी प्रमेंद्र डोबाल ने बताया कि पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकार किया कि पैसों को लेकर विवाद के चलते विनय त्यागी लगातार सन्नी यादव को जान से मारने की धमकी दे रहा था। इसी रंजिश में सन्नी ने अपने साथी अजय के साथ मिलकर बदले की भावना से इस वारदात को अंजाम दिया।
